मपधनिसरि X
[хमपधनिसरी]
रि
मसरि ४ म प ध नि प ध नि स
निसरि X म प ध
गहीनाः [इति षाडवाः।]
धनिसरिप्रमप
मप
xगमप X निस X निस x ग
[хगमपх निस]
स X
गमपनिस X ग म प X X नि
[x न स x ग म प]
प x नि स x ग
मम प ध स रि
[ хमपध
रि
मसरि म प ध प ध स
[४ सरि ४ म प ध]
ध x स रि x म प
निगहीनाः । इत्यौडुविताः ।
पध X स रि X म
[मूर्छनातानयोर्भेदः]
[अनु. ४५]
23ननु मूर्छनातानयोः को भेदः? उच्यते—
मूर्जनातानयोर्नार्थान्तरत्वमिति24 विशाखिलः । एतच्चा-
26,ਜ਼ੂ
25योः
अणुत्वा.•श्राह्
•नुनुत्वा
सङ्गतम्। २७ संग्रहश्लोके तु मूर्छनातानयोर्भेदस्य प्रतिपादितत्वात्।
28तत् कथम् ? [ 29
आरोहावरोहक्रमयुक्तः स्वरसमुदायो7 ]